लुट नमस्कार दोस्तों आप सबका एक बार फिर से स्वागत है आपके अपने YouTube चैनल सत्य सनातन में बहुत समय एक बाद पाठक जब एक बार फिर से हमारे साथ में इस पर टिक पाई अब तक बहुत-बहुत स्वागत है थैंक यू सो मच अंकुर बहुत-बहुत शुक्रिया नमस्ते साहब बस को सबस्क्राइब इसको आप सबसे पहले तो मजबूत आधार एक तो यह कि इंडिया की पॉलिटिक्स और इंडिया की जो करंट अफेयर्स है उसमें बहुत कुछ चल रहा था अंकुर खुद बिजी था इस वजह से मैं अंकुर के साथ तो आस व्हाट्सएप पर तो बात हो जाती थी मेरा भाई यह आपने मसरूफियत के बावजूद भी ज्यादा वह पूछता रहता है कि कैसे हैं क्या है मेरे मामला ख्याल रखते हैं हम लिए अंकुर यह रिकॉर्ड कॉल पर ही बात कर रहा हूं मैं यह पहले बात प्रिवेंटिव बात मैंने नहीं की थी कि मुझे अगर किसी को मैं अपने दिल से अपना भाई समझता हूं या किसी किसी ने मुझे झाइयों से बढ़कर इजाजत दी है तो वह हुआ है आपने मेरे लिए बहुत कुछ किया है मेरा YouTube चैनल चलाया आपने मुझे पंचोली सपोर्ट किया आपने मिक्सचर किया कि मैं यहां पर बैठा हूं मुझे कोई दिक्कत न हो आते अगर मतलब और दूसरे चौथे पांचवे दिन आप कितने चाहने वाले हैं इतने फालतू आ जाए इतने कॉन्टेक्ट्स है लेकिन उसके बावजूद भी आप मुझे पूछते नहीं है तो उसके लिए मैं आपका बहुत-बहुत धन्यवाद करता हूं इस टॉपिक कि युद्ध टॉपिक अब मैंने आज जिस पर बात करनी थी मीणा यह टॉपिक बहुत इंपोर्टेंट है मेरी अभी कुछ दिनों पहले मनोज से बात हो रही थी मनोज को आप जानते हैं तो मनोज ने मुझे एक बड़ी सरप्राइजिंग ही बात बताई कि हम जब वह और मुझे नहीं पता कि अभी ऐसा है कि नहीं है लेकिन मनोज ने मुझे बताया कि हम लोग जब अपने स्कूल कॉलेज में पढ़ते थे ना तो जो मोहन लाल बादशाह गुज़रे हैं कि जो मुगल किंग उतरे हैं उनके बारे में हमें स्कूल की टेक्स्ट बुक्स में पढ़ाया जाता है मनोज जी वीडियो देख रहा होगा मैं आपको स्कीम जो उसके बाद इसकी चार्ट का स्क्रीनशॉट आपको भेज दूंगा मैं लिटरली कुछ देर के लिए नापना सार पकड़ के बैठ गया और मत खामोश हो गया मुझे इस बात पर यकीन नहीं आया नया अपनी पॉलीटिकल आईडियोलॉजी के बारे में बता देता हूं आपको आपको मालूम ही है वह कि मैं 10 लेकिन मैं जब इंडिया का सर्कुलेशन देखता हूं ना तो मुझे ऐसा लगता है कि कुछ सेकुलरिज्म को कोई बीमारी लग गई है और वह सेकुलरिज्म सिकुलरिज्म बनता जा रहा है बल्कि पूरी तरीके से भून चुका है अब वह काफी सारी बातें हैं मतलब यह है कि आप लंबी बहस में नहीं पड़ना चाहता लेकिन मैं एक छोटी सी लेता हूं यार कि आप स्टेट फंड चर्च तो बना सकते हैं स्टेट फंडे मस्जिद तो बना सकते हैं लेकिन स्टेटमेंट मंदिर नहीं बना सकते आप इंडिया में अधिक यह इस तरह से इससे की समझ और इसको टॉपिक शुरू करने से पहले तो फिर मैंने डिसाइड किया था कि मैं थोड़ी सी थोड़ी ज्यादा लंबी नहीं करूंगा थोड़ा मैंने के बारे में पड़ा हुआ है उसके बारे में अपने दर्शकों को और आपको थोड़ी सी गाइडेंस देने की कोशिश करूंगा कि यह लोग नियुक्त इन लोगों को से लोगों को इन लोगों की प्रॉब्लम सब्सक्राइब कोई काम किया यह क्या होता है कि हमने फोल्ड करना होता है आज हम आपको पब्लिक को अम्म जो लोगों को सिर्फ एक छोटा सा आइना दिखाना होता है और बाकी हम काम उन पर छोड़ देते हैं वह खुद जाकर YouTube पर इंटरनेट पर बुक पढ़ के वह सारी रिसर्च कर सकते हैं हम हर बात हमें बताने भी नहीं चाहिए और हर बात का हम पर उनको विश्वास भी नहीं करना चाहिए क्योंकि आज इंटरनेट की दुनिया है हर तरह की डिफरेंट ऑपिनियन पड़ी हुई है अ तो उनको खुद रिसर्च करनी चाहिए तो मैंने यह देखा था मुझे बताया गया था कि यार यह जो मुझे मनोज ने बताया कि आप पढ़ाया जाता है कि वह बहुत ग्रेट किस्म के कॉल कर कहीं और इंडिया की सफलता के लिए कितना काम किया विकास के लिए इतना काम किया मैंने उसको दूसरे अंगल से देखा मैंने इसको सिंगल से देखा कि इन्होंने मुगलों ने खासतौर पर मुगलों ने हिंदुस्तान को लूटा कितना और वह लूट के कहां पहुंचा या किधर ले गए और इसके बारे में किस किस ने क्या क्या लिखा है इस पर थोड़ी सी रिसर्च की पिछले को दो-तीन हफ्ते से आप यकीन नहीं करेंगे मेरे चैनल पर देखी जा कर देख लें मैं सिर्फ में लगा हुआ था मैं अपने चैनल पर पिछले दो हफ्तों से कोई एक वीडियो भी डाल रहा था कि मेरे पास फ्री टाइम हो रहा था मैं और था उसमें मैं इसके बारे में पढ़ रहा था और बाकी अपने रोजी-रोटी के चक्कर में बिजी रहता था इस टॉपिक को शुरू करने से पहले मेरी व्यवस्था रिक्वेस्ट है कि अ जो कुछ भी आज मैं हूं एक मुस्लिम्स फॉर डिस्कस आप लोगों के प्यार और मोहब्बत की वजह से हूं और यह प्यार और मोहब्बत पूरे मस्जिद चाहिए मेरा चैनल 6500 तो चला गया हुआ है लेकिन मैंने अंकुरण ब्लास्ट नहीं चेंज दिया था 50,000 का उसने पूरा करवा दिया है तो उनको साथ आपके लिए अगला चैनल को चैनल को एक लाख ले जाने का है मेरी बिटिया शुरुआत पीस पार्टी कस्बाई और हम दर्शकों को एक बार फिर से बता दूं इसीलिए की थी क्योंकि हम जब दोनों भाई बैठे हैं तो एक घंटा निकल जाता है बातचीत का वीडियोस बहुत लंबी हो जाती है तो हम यह सोचा था कि बहुत छोटे में जो आपको ड्यूटी कर सकें और जिनके पास बहुत कम टाइम है वह इस मुस्लिम इस पॉइंट को इस YouTube चैनल पर जाएं और वहां पर किसी भी चीज को बहुत जल्दी से कैच कर जिन लोगों को बहुत लंबी स्टडी करनी है सत्य सनातन पर हमारी जो प्लेलिस्ट पड़ी हुई है उनको देखा और इस तरीके से प्ले लिस्ट याद आया आ एक्सप्रेशंस पाटेकर की प्ले लिस्ट आपको सतीश रहा था चैनल पर मिल जाएगी वहां पर हमने एक स्टोरी शुरू की थी फिर इंडिया में रोना आ गया और पॉलिटिक्स में भी भूचाल आ गया और फिर यह सारा यह वह शाहीन बाग वाला इंसिडेंट शुरू हो गया तो हमने और फिर मेरी कुछ हद तक डाउन चली गई तो हमने इसको पॉज कर दिया था तो वीडियोस के लिए यह इंफोर्मेशन देना चाहता हूं यह एक नाम सीमेंट है कि हम उस शरीर को दोबारा कंटिन्यू करने लगे हैं आर मैं अंकुर के साथ यह वीडियो कर लिया करूंगा और आपको बता देंगे कि किस दे वह पब्लिक हुआ करेगी तो अब वह सिर्फ को जन्म हम कंप्लीट करेंगे इसमें 245 वीडियोस रह गई है तो वह कंप्लीट करें और जिन लोगों को नहीं मालूम के विषय क्या है मैं आपको यह बता दूं कि अगर आपने रियल हिस्ट्री आफ इस्लाम के बारे में जानना हो तो कोरिया के सत्य सनातन चैनल पर जाएं और उसकी प्ले लिस्ट में एक्सप्रेशंस पांडे कसने इस्लाम की रियल हिस्ट्री कहां से कहां तक कब तक कैसे क्या हुआ था वह 1520 वीडियोस है वह जरूर देखिए आपको बहुत ज्यादा जानकारी मिलेगी इस्लाम के बारे में आते हैं टॉपिक की तरफ कम कर दो है अब हमें हम बार खास तौर पर पाकिस्तान में इंडिया में अ जो हमें बताया जाता है आप पढ़ाया जाता है वह यह बताया जाता है कि अंग्रेजों ने जो है अंग्रेजों के जो म्यूजियम्स है यह जो उनके खजाने हैं वह हिंदुस्तान की लूट हुई अदालत से भरे पड़े हुए हैं ठीक है अब इसमें एक बड़ी प्राइम एग्जांपल को नौकरी दी जाती है कोहिनूर आज भी उनके कब्जे में उन्हें वापस नहीं किया लेकिन और इस चीज को जो अंग्रेजों ने हिंदुस्तान की दौलत लूटी है अ मुझे थोड़ा सा टाइम दीजिएगा मैं इसको थोड़ा फोकस करके बोलना चाहता हूं अंग्रेजों ने जो दौलत लूटी है इस बारे में कोई दो राय नहीं है यह बिलकुल सच्ची हकीकत है इसको बहुत सारे हिस्टोरियंस ने रिकॉर्ड भी किया है लेकिन दौलत की लूटमार शुरू हो रही है वह शुरू हो रही है इस्लामी हमलावरों से इस्लामी जो इनवेडर्स से इस्लामिक इनवेडर्स थे उन्हों उन्हें हिंदुस्तान पर अंग्रेजों से ज्यादा अर्से तक हुकूमत भी किया और दौलत लूटी है और उस अदालत को लूटकर जिस तरह अंग्रेजों ने अपने इलाके में अपने जो और कंट्री थे वहां ले गए उसी तरह इस्लामिक इनवेडर्स ने भी जो हिंदुस्तान की दौलत लूटी भी उसे अपने अरब में पर्चियां में और टॉर्क और तरक्की के रस में मतलब तो रिक्वेस्ट फॉर सेंट्रल क्वेश्चन अ जो उनके अपने भाई लाकर थे जो पूर्वजो के रखे थे उधर तक पहुंचाया एक और चीज जिसके बारे में आपको बहुत कम पढ़ने को मिलेगा जानने को मिलेगा कि यह जो मुस्लिम इनवेडर्स से इन्होंने लाखों हिंदुओं को गुलाम भी बनाया स्लेव बनाया और लाखों हिंदुओं को एक सिस्टमैटिकली हिंदुस्तान से एक्सपोर्ट किया जाता था हिस्ट्री का हिस्सा है कि अफगानिस्तान में अम्म ए सिस्टमैटिक लिए बकायदा तौर पर हिंदू गुलामों की मंडी लगती थी जिस तरह मंडी लगती है और वहां जाकर मे आप अपनी मर्जी की मंशा की जो चीज खरीदनी होती है खरीद सकते हैं इसी तरह बाजार लगते थे हिंदू नामों के बाजार लगते थे थोड़ा हिस्ट्री की तरह की तरफ पीछे चले जाएंगे इंडिया के हाथ में के लिए तो आपको पता लगेगा कि फर्स्ट संतरी से लेकर मंत्री तक हिंदुस्तान दुनिया की टॉप-10 लेकिन जब अब मुस्लिम इनवेडर्स ने अपना काम शुरू किया और सबसे पहले किया कि हिंदुस्तान यूनिवर्सिटी कॉलेजेस ओर स्कूल्स में एनुअल सिस्टम को बर्बाद किया लोगों की मजबूरी जिंदगी को बर्बाद किया लोगों का सोशल लाइफ को सबस्क्राइब नहीं किया था वह बहुत सारे लोगों को हुई है और बहुत सारी लोग यह समझते हैं कि मोहम्मद बिन काशिम जब आया था तो उसने सिर्फ जो है वह जिंदगी जो अम्म सी वाली साइड है सपोर्ट वाली डिसाइड उस पर कब्जा किया था ऐसा नहीं है सिंधी तकरीबन कोई 1560 70% जो है वह मोहम्मद बिन कासिम के एरिया में चला गया था मुंह उस उस इनवेजन से लेकर 16 वीं सदी तक हिंदुस्तान आहिस्ता-आहिस्ता ग्रैजुअली जो है वह इस्लामी शेयर खिलाफत का हिस्सा जो है वह बनता जा तारा बनता गया फिर जो इलाके मुस्लिम हुक्मरानों के अंदर आते गए वहां से दौलत बेग हिस्सा मतलब कोई उसका गारंटी नहीं है और फिर गुलाम और लड़कियां वह फिर सब वहां से जना उनकी एक्सपोर्ट अरब की तरफ जो है वह शुरू हो जाएंगे वहीं नए बुक रेफ्रेंस कहना चाहता हूं यह राइटर है एमएस खान इन की किताब मैं आपको इंटरनेट पर मिल जाएगी उस किताब का नाम है इस्लामिक जेहाद अलग सी आफ फॉरेस्ट कंवर्ट जन्म इंपिरियलिज्म एंड स्लेवरी इसमें बहुत डिटेल के साथ कुछ लिखा हुआ यह लिखता है लिखता है कि नॉन मुस्लिम हिंदुस्तानियों के खून और पसीने की कमाई और बनाई गई दौलत को लूटकर उसे दबिश बगदाद गहरा ताशकंद मक्का मदीना और इस तरह की बातें कि इस्लामी खिलाफत की रियासतों के राजाओं में डाला गया उस अदालत को भरा गया और हिंदुस्तानियों को की दलदल में धकेला जाता है वह दिल्ली सल्तनत थी पहले अंपायर था जिस में एक अरब इस्लामी खिलाफत से आजादी का ऐलान किया लेकिन यह अलार्म उन्होंने हिंदुस्तान से मोहब्बत में नहीं किया बल्कि मुगल बादशाह मुगल बादशाह बाबर था उसके बारे में आपको बता देता हूं कि उसे हिंदुस्तान से इतनी नफरत थी कि मरने के बाद हिंदुस्तान में दफन होना पसंद नहीं किया और कहा कि मैं मर जाऊं तो मुझे में इस्लामिक से अलग हुए थे उसकी वजह तो यह काफी हद तक पागल हो गए थे उनके पास किसी और के अंदर नहीं चाहते थे पावर हंगरी थे और दूसरा उनको मालूम था कि हिंदुस्तान से कुछ लुटा जा सकता है तो यह चाहते थे कि को खुश रखने के लिए उनको थोड़ा और बाकी अपने तो और अपने इलाकों पर जो है वह गलत लौटाई जाए मैं मुगलों के खजानों में कितनी दौलत बहती थी और इसकी कि इसकी क्वांटिटी कितनी ज्यादा थी इसके बारे में एक हिस्टोरियन है अबू फजल अबू फैजल लिखते हैं कि ईरान और तरन्नुम में सिर्फ एक खजांची खजांची कहते हैं कंटेंट को 10 तथा और अकाउंट जो थे वह थोड़े कंफ्यूज स्टेट में होते थे लेकिन इंडिया में रेवेन्यू की रकम इतनी ज्यादा होती थी के इस और कारोबार इतने ज्यादा होते थे बिजनेस इतने ज्यादा होते थे कि इस रकम को तोड़कर नियुक्त 12 खजाने क्या पेमेंट जो कैश पेमेंट डुबो दिल्ली का लेनदेन होता था उसके लिए नोख जाने और ज्वेलरी सोना कीमती पत्थर उनके लिए कुछ तीन चार पांच अलग खजाने सरकार होते थे अब हमारे जो प्यारे प्यारे मुसलमान है वह यह भूल जाते हैं और यह तमिल देने की कोशिश करते हैं कि नहीं यह तो हिंदुत्व वालों ने जो हुआ था वह इल्जाम लगाया हुआ है मुगलों पर क्योंकि मुसलमान थे और हिंदुत्व वाले जो है वह उनको तकलीफ मुसलमानों से इसलिए मुगलों के बारे में झूट बोलते हैं तो भाई ठीक है मालिया मालिया के वाले सारे झूठे हैं आपको सबसे बड़े भाई ठीक है ठीक है अब आते हैं बादशाह बादशाह अकबर की तरफ ऑटो बायोग्राफी की तरफ वहां पर नियुक्त के बारे में काफी डिटेल के साथ अल्लाह के नाम पर अल्लाह का काम करने वाले लोगों को करने वाले लोगों को हर आसान समर्पण मक्का मदीना और दूसरी इस्लामी रियासतों में भेजिए मुझे यह बाबर ने अटैक किया था दिल्ली सल्तनत पर जब इब्राहिम लोदी जो है वह उसका इब्राहिम लोधी के टाइम पर इब्राहिम लोदी को पानीपत की जंग में व्यस्त हो जाती है वह मारा जाता है और तब उस टाइम पर बाबर के टाइम पर जो शाही खजाना था वह आगरा में था आगरा के शाही खजाने की चाबी जो है वह मिल जाती है बाबर को बाबर उस खजाने को खाली कर देता है और सी बात है कि उसने यह खजाना जब हम क्लिक किया था तो उसने यह खजाना हिंदुओं पर यह क्वेश्चंस पर यह दलित पर यह ब्राह्मण पर नहीं उठाया कायम है और बाबर अपनी जी ऑटो बायोग्राफी बरना में बताता है कि उसने यह खजाना लुटाया हम अपनी ऑटोबॉयोग्राफी में लिखता है कि इस खजाने से पूरी फौज को जो बाबर के साथ हिंदुस्तान पर हमला करने आई थी पूरी फौज को अच्छी खासी रकम तोहफे में दी गई और फौज में शामिल सब कबीलों के ड्राइवर जो थे उनके सरदारों को जिस जो सरपंच थे उनको उनकी पोजीशन के मुताबिक इनाम दिया गया अब हिस्ट्री अगर पड़े तो बाबर के साथ कौन आए थे हिंदुस्तान पर हमला करने उन्हें अवकाश लोग थे उनमें हजारों लोग थे उनमें अरब लोग थे उनमें ब्लोज थे उनमें जो बाबर का हलवा अब इलाका था उस पर किसान वहां के लोग थे ताजिकिस्तान के लोग परेशान किया गए थे और यह फिर और राशि बातें गौरव तो उनके साथ अबू तो एक इस्लामिक कनेक्शन भी था तो भाई साहब जो थे जो बरसात मे है यह सारे खजाने जो हिंदुस्तान से के जूस के हाथ लगे वह लूट-लूट कर देना वह उस उनके साथ बांटते रहे अफगानिस्तान जो एरिया है बाबर ने अपनी जवानी का टाइम जो गुजारा है वह उसने अफगानिस्तान में गुजारा है ठीक है अब यहां यह देखें कि उसने यह किया के बीजों को कवर निशान की आईटी यह मैंने बता रहा है यह उसके अपने बाबर नामा मे लिखवाया हुआ अपनी लाइफ हिस्ट्री में लिखा हुआ है कि का बल और वार्षिक यह और व्हाट्सएप दोनों अफगानिस्तान में वहां पर चाहे कोई बच्चा घ्र एक मोटी रकम दी गई आ गई आ गई थी क्वी फिर उसके इलावा यही नहीं थी सिर्फ रकम की बात नहीं थी यहां पर अगर आप जो चमड़े की जैकेट बनती है ना यह बहुत चमड़े का जो लिबास बनता है यह बहुत एक्सपेंसिव होता था आज भी बहुत एक्सपेंसिव फिर वह निकाल कर लिया गया यहां पर चिपके ड्रेस होते थे सोना चांदी के तो हफ्ते इंडिया का फर्नीचर बहुत मशहूर था यह सारा कुछ तय यहां से निकाल के उन इलाकों में भेजा जाता रहा और दूसरी बात यह है कि ऐसी बात है कि जो सेंट्रल एशिया से जो कोई लुट के आ रहा है या गानिस्तान की इस रिपोर्ट के आ रहा है उन्होंने दिल्ली का रुख की इसलिए किया था दिल्ली की तरफ मूंग इसलिए किया था उन्होंने इसलिए किया था कि वहां से गुलाम मिलेंगे मामलों दौलत मिलेगी और फिर बाबर ने जो ना वह सब को झोलियां भर के ऐसा दिया जैसे उनके बाप का माल हो एक और पर्शियन हिस्टोरियन है फरिश्ता वह लिखते हैं कि बाबर ने है गब्बर ने अपनी मालूम जो हिंदुस्तान की पर धब्बा कब्जा किया तो मालूम अदालत को इस हिसाब से लौट आया इस तादाद से लौट आया कि इस बंदे का निक नेम जो है वह कलंदर पड़ गया था हम कलंदर सूफियां सूफिज्म कलंदर उस बंदे को कहते हैं जिस बंदे को अपने ना तो तनिक भी परवाह नहीं की कि उसके पास जो होता है वह सब कुछ लुटा देता है तो अगले इस बारे में जो िलए हिंदुस्तान पर डाका डाला गया था डाला था के नाम पर डाला था वो गुजर गई उसके बारे में थोड़ा सा आपको बता देता हूं कि टाइम पर के दौर में हर साल 15 हजार लोग हज के लिए जाते थे और हज पर जाने के लिए उन 15 हजार लोगों ने जो कोटिंग करनी है खाना खाना है और ट्रैवल करना है किस पर ट्रैवल करना है कैश विड्रॉल करना है वह सारा खर्चा जो है वह आर्मी खजाने से दिया जाता था सरकार की तरफ से भी जाता था फिर सिर्फ यही नहीं होता था कि 15 हजार लोगों को स्पॉन्सर्ड कार्य करवाया जाता था बल के साथ में जो वहां जो अरब बैठे हुए थे उनके लिए सोने के गिफ्ट थे चांदी के गिफ्ट थे इस तरह मतलब डुबने कीमती गिफ्ट उस टाइम के हो सकते थे वह सारे गिफ्ट जगह ले जाते थे और वहां पर वह में जाना वह ट्वीट मुगलों ने बेसिकली जो सरकारी खजाने से हज स्पॉन्सर करना शुरू किया था वह इसलिए शुरू किया था कि यह लोग अपने आपको डिफेंडर आफ इस्लाम के तौर पर एक इंप्रेशन क्रिएट करना चाहते हैं इसमें थोड़ी सी मसाले देता हूं कि यह खर्चा कितना होता था 1576 में एक आगरा से हज का एक कारण चलता है यह सारा का सारा कारण जो है वह स्पॉन्सर्ड होता है स्पॉन्सर्ड के इलावा साथ में 6 लाख रुपए की डेफिनेशन लेकर जाता है हम आज टाइम पर अगर आप बोलेंगे तो 6 क्या बोला आज के टाइम नहीं लगता लेकिन यह रकम इतनी बड़ी थी कि उस टाइम पर 1576 में एक आदमी की जो कि एक महीने में वह एक से तीन तक किसी की कोई अंदाजा करें यह छह लाख की रकम अगले साल 1577 में ही होता है 5 लाख रुपए की 5 लाख ढूंढ लिया जाता था और 1 लाख कि अगले साल में शरीफ मक्का जो मक्का के जो अमीर होते थे कर्ता-धर्ताओं थे उनके लिए एक लाख रुपए अलग लेकर जाते हैं और यह जो ₹5 जो लेकर दिया जाता था ले जाते थे यह वहां पर मुसलमानों के अंदर डिवाइड किया जाता था दुनिया भर में जहां से मुसलमान रहते थे न तो जूनियर से रकम निकाल के आरंभ में ले जाकर दुनिया के सारे मुसलमानों में बांटी जाती थी भ्रष्ट और यह ऐसा नहीं रहेगी हादसा हुआ यह 1582 तक यह सिलसिला चलता रहा फिर बाद में अकबर ने अकबर ने ज्यादा कुछ थोड़े टाइम के लिए बंद कर दी इसलिए कर दी थी कि दोनों जगह करप्शन हो गई थी और आपको ख्याल आता है लेकिन यह रख यह सबसे पहले करप्शन करना शुरू कर दी है 56 लाख बोध बड़ी रकम है उस टाइम पर ठीक है इंडिया में करप्शन शुरू हो गई मक्का में करप्शन शुरू हो गई इसका पता चला इसको अकबर को तो अकबर ने जाएगी स्पॉन्सर्ड जो है वह बंद कर दी समय चल कुछ थोड़े अरसे बाद अकबर का बेटा जो या जहांगीर वॉक पर आयुर्वेद के मार देता है अपने बात कोई तो यह पॉइंट है वह दोबारा से बहाल हो जाते हैं आप की तरह जहांगीर ने भी बायोग्राफी जहांगीर की जो ऑटो बायोग्राफी घृत में मिलता है कि यह थोड़ा का यह थोड़ी को सबस्क्राइब में जहांगीर है कि मेरे और मेरे मेरे लाभ के दो और पदों कि सल्तनत के बड़े-बड़े शहरों में जो मजहब के वजीर होते थे जो तारीख के यानि इतिहास के स्टूडेंट होते थे या जो कानून के यानि लॉक स्टूडेंट होते थे उनको रियासत की तरफ से योनी स्टेट की तरफ से उन्हें शरण दी जाती थी उन्हीं के ने चयनित धनगर कहता है कि मैंने अपने वालिद की इस रसूल को बढ़ाया इस काम को बढ़ाया और ही रात यानी अफगानिस्तान अफगानिस्तान के संयंत्रों में से मिरासदार जहां को हिदायत की कि यह काम न सिर्फ मेरी स्टेट तक यह मेरी सल्तनत लिमिटेड किया जाए बल्कि रे मूर्तियों पर शेयर के लोगों को रोम के लोगों को बुखारा के लोगों को और उन लोगों को भी शामिल है अच्छा अच्छा जी जी हां यह कहते हैं कि हमारे लोगों ने तो यहां का पैसा यहीं लगाया यही तरक्की करी कहीं बाहर नहीं भेजा देखो और यह इन्हीं के खुद के ही लोग ही लिख रहे अपनी अटैक वगैरह थी में साढ़े तीन सौंठ एक इन सारे कमीनों को एक ही जवाब देता हूं सॉरी मुझे थोड़ा सा गुस्सा आ रहे हैं साढे तीन सौ चार साल जो इन्होंने हुकूमत की है अगर कहते हैं कि इन्होंने यहां का पैसा यहां पर लगाया है इंडिया एग्रीकल्चर की वजह से जाना जाता है कष्टकारी की वजह आता जाता है आखिर तिवाड़ी की वजह से जाना जाता है साढे तीन सौ 4 सालों में इन हरामजादो ने एक नहर बनाई और वह भी हिंदुस्तान का पानी न जब की तरफ ले जाने के लिए ढक है पिंपल तो बताएं कौन था कौन सा पैसा कहां पर लगाया अभी मैं बताता हूं आपको रुक जाएं जरा चार्जर है जो था वह सबसे कम रिलीजस था उसकी ज्यादातर जिंदगी जो थी वह अपने ही अय्याशियों के लिए थी लेकिन उसके साथ-साथ पूर्व वह भी और जो मुस्लिम उम्मत जो है उसको पैसे और मालो दौलत जो पहुंचाने और गिफ्ट पहुंचाने हमें उसने भी है वह कोई काम हाथ नहीं डाला वह भी उसी हिसाब से पहुंचा था मैं आगे चलकर थोड़ा सा बताता हूं लेकिन उससे पहले मैं 6000 के बारे में बताऊं मैं आपको औरंगज़ेब के बारे में बताता हूं ऑरेंज जो था वह एक पिमगेसन का बादशाह था जुनूनी के संकेत माना जाता अपने बाप और भाइयों के साथ इसने बहुत ही कुत्ते वाला क्वेश्चन का सलूक किया था यह उसके बावजूद औरंगजेब वीडियो था हिंदुस्तानी अदालत को लूट के इसको मुस्लिम दुनिया को जो मुस्लिम वर्ल्ड थी उसको खैरात में देने में सबसे ज्यादा हाथ भी इस कथा अमृत और दूसरे तथा इसकी में न थोड़ा-थोड़ा आपको डिटेल में बता दूं 1661 से लेकर 1667 तक छह सालों में यह अपने दरबार में मुक्त लिप सल्तनतों के बादशाहों को बुलाता है उसमें पर शेयर का बादशाह होता है बल्कि बुझाला भगवान शंकर या फिर अ बुखारा अच्छा होता है फिर कष्ट होता है फिर उनका होता है फिर जाहिर सी बात है कि किसी को बुला रहे हैं तो उसके साथ उसको उनको उनको देंगे उनको तो सब्सक्राइब इसलिए था क्योंकि इसकी क्वालिटी मुस्लिम दुनिया के और यह बादशाह नहीं बल्कि उन बादशाहों के जो आलसी होते थे जो सबोर्डिनेट्स होते उनकी भी जो न आंखों का तारा बन के रहना चाहता था राजपक्षे देना चाहता था फिर बंद करने के चक्कर में लौटा और तथा उनकी जगह उनकी नजर हिंदुस्तान की पर मिल रहे हैं तरह-तरह की नियुक्ति अपने भाइयों के साथ किया था तो यह था कि मुस्लिम दुनिया का कोई उसकी तरफ नजरें ताकि उसकी जो है उसको खतरा और उसको बाहर और मुस्लिम दुनिया की पॉलिसी थी अच्छी खासी वह इसलिए कि हिंदुस्तान औरंगजेब के जमाने में को नर्म दूध देने वाली गाय के तौर पर मशहूर हो गया फिर क्या था मन में डाली इससे जितनी भी मुस्लिम रास्ते थी वह अपने अपने एजेंट भेज दी थी और अंग्रेज़ों उनकी झोलियां भर के वापस भेजता था आप मैं एक छोटा सा बताता हूं कि छह-सात साल के अरसे में यह जो एजेंट या ऐंबैसडर जाते थे और अमेज़न लाख रुपए लौटाए इन लोगों के हाथ में यह 30 लाख रुपए उस रकम से अलग है जो 67 लाख रुपए हर साल मक्का जा रही है वह अलग इसी टाइम एक जॉब चाहिए उसके बाद आप कुर्सी से हटाया गया था अब उन्हें भगा दिया तो वह दिल्ली के लिए इस चैनल को सब्सक्राइब करना था उस लुट डोनेशन के तौर पर और 10 लाख रुपए दिए चेक होती के बच्चे तेरी मम्मी का पैसा था पिंपल तेरी मम्मी जाएगा लेकिन उसने तोप औरंगजेब ने अपने आप को जेल में डाल दिया था क्योंकि वह बहुत ज्यादा खर्चा करता था और ताज महल इसने बनवाया था उसकी रोटी खाता है यह तो अब यह जो हिंदुस्तानी के साथ इंडियन पब्लिक के साथ को सब्सक्राइब नहीं है कि अब औरंगजेब का जन्म प्रेशर ना बता रहे हैं मेरा ख्याल में के शायद मेरे से पहले खूब बहुत सारे लोगों ने बताया बोला भी होगा चलाया भी योगा टीचर भी होगा लेकिन किसी ने पब्लिक तक पहुंचाया नहीं हुं वह इंटरनेशनल रहेगी इंडिया के अंदर उसको जिंदा पीर कहा जाता है यहां हिस्टोरियंस उसको कहते हैं वह पीर है औरंगजेब एक पीर है जिसने एक पैसा आवाम का जो टेक्सचर मिलता था उसकी रोटी नहीं खाई वह अपने आप टोपियां सील तथा अपने आप क़ुरान की आयते लिखता था से जो पैसा मिलता था उसका उसकी रोटी खाता था उसने अपना रहेगी सेकंड औरंगजेब के टाइम पर इन इन हरामजादो से कुछ सॉरी मैं जहाज गालियां निकाल लूंगा है इन हरामजादो से पूछें कि जब-जब मुस्लिम्स बाय इनसे पहले जब जो जूस मराठा यह जो हिंदुओं को मारा इन थेसे चलो मैं मुझे राजपूतों पर बहुत थोड़ा बहुत गुस्सा भी है क्योंकि बहुत सारे राजपूत इंसटिड गे इनके उठाने भी लगे लोगों के साथ लाए हो गए थे लेकिन ठीक है कुछ राजपूतों ने अपना अपना नाम टाइम रखा लड़े भी लेकिन कुछ मधुकर उत्पाद में नहीं जाते हैं से यह पूछना चाहता हूं कि मुगलों कर्मों से पहले जो है वो जो या दो मुगलों के टाइम पर बीज बोए जो रह सकते हैं यह जस्ट जो थी जो मराठों के अंदर थिंग्स इन दोनों को बनाने के अंदर थी और टैक्स रेट किया था नहीं पता तो मैं बता देता हूं वह 60% था हम औरंगजेब के टाइम पर मुगलों के टाइम पर क्या था अत इससे 50% 3250 पर सेंट टो पीसी तथा टोपी वाली चित्तौडग़ढ़ जो तुम लोग नीचे से काट के ऊपर दूसरी तो कोई फोटो पीने से लौटा था मैं आपको बता देता हूं डॉक्टर था उसका नाम था फ्रेंड्स और वह शायद दर्शकों को जो है वह पर्सनल डॉक्टर था उसने हिंदुस्तान में बहुत ज्यादा वक्त गुजारा है और मुगलों के दरबार में रहा है और उसने मुगलों के मुताबिक काफी शरीर अल किताबें भी लिखी है मुगल कैसे पैसा लुटाते थे किसपर उठाते थे प्योर ऑरेंज वेब अगर आप यह जो डुबो कसने वाला है न इसके रिकॉर्ड अगर आप जाकर देखिए और हिस्ट्री की बुक से या कुंठा से जो टोपी हंसने वालों ने नहीं लिखेंगे उनसे पूछे उन वह किताब अगर पड़े तो आपको पता चलेगा कि पिछले छह-सात सालों में ऑरेंज वेब ने छात्र लाख से ज्यादा पैसे मुस्लिम दुनिया पर लौट आएं हैं कोई डील रकम अलग है अब यह रकम इतनी बड़ी है कि यह रकम उस वक्त इंग्लैंड के टोटल रेवेन्यू डबल और औरंगजेब के बारे में बताता चलूं कि यह ने ओरंगजेब है जब इसने अटैक्स को डबल किया था टैगोर डबल किया था बहुत सारे किसान संघ ने उन्हें टैक्स देने से इंकार कर दिया था यह सब स्कूल लेट हो जाता था तो यह तरफ से लटका कर फांसी दे देता था जिस बिल्कुल थोड़ा शाहजहां की तरफ थोड़ा उनकी किताब है इस किताब का नाम है द मुगल एंपायर फ्रॉम बट्टू और यह उस समय एक छोटी सी कोटा आपको बता देता हूं मैं वीडियो लंबी हो जाएगी उसमें यह है कि 60 1628 न होता है नया साल ही दावत करता इस दावत में खनन से जुड़े सब हों को बुलाया जाता है दूसरे मुल्कों के एंबेसेडर्स को बुलाया जाता है और रियासत के जो बड़े-बड़े Raees होते हैं उनको बुलाया जाता है और इस दावत में लोगों को शाही खजाने से पैसे दिए जाते हैं सबसे सहसम ताजमहल के लिए जिसके लिए ताजमहल बना था Mam ताजमहल के लिए ममता ताजमहल को देता है ₹5000000 दे रहा 1628 में 50 लाख आज के हिसाब से तो 50 से ज्यादा हजार पचास हजार करोड़ के sabsakraib Karen मेरा इतना भी हक़ नहीं है मैं समझता हूं कि उस पर एक मजदूर की सैलरी 18,000 कमा लेता तो उस हिसाब से देखें तो इस वक्त ज्यादा से ज्यादा रखो हुआ था एक में उसने पूरा खर्च चलाना पक एक महीने के लिए बिल्कुल उस टाइम ₹5000000 रहा है उस टाइम ₹5000000 तो सिर्फ ताजमहल को देख रहा है और अपनी बेटी जहांआरा को देता है 20 लाख रोशनआरा को देता है 5 लाख जो एंबेसेडर्स जाते हैं उनको जो ताज बनवा कर यह घड़ी यह चेंज कर लूंगी इस तरह से बने गिफ्ट होते हैं वह सिर्फ दो महीनों में 1628 फरवरी और मार्च के महीने में शाहजहां ने स्वामी खजाने को कितना टीका लगाया 12 करोड़ 60 लाख रुपए लगता है अच्छा अभियोग सुने शाहजहां इंडियन कितनी टोपी वालों को एकदम सूखा पड़ता है शीघ्र हिंदी में सूखा करते हैं उसका कहना पड़ता है वह सत्ता में पड़ता है अहमदनगर में हो जाता है आप गुजरात में हो जाता है मालवा में हो जाता है यहां पर सूखे की वजह से स्थापित मिलियन यानी 70 लाख से ज्यादा 70 लाख के करीब हिंदुस्तानी मर जाते हैं हम जी जी भाई और उस सूखे की वजह से अधिक मुखर क्यों पड़ा था उस सूखे कि अगर किसी को जाननी हो तो शाहजहां की साउथ वेस्टर्न और सेंट्रल इंडियन स्टेट्स के साथ जन्मों की पॉलिसी पड़ेगी पर चढ़ाई की थी कि दिया गया था कि जयपुर के एक कोने से लेकर दूसरे कोने तक सब कुछ और यहां पर खेतीबाड़ी और का नामोनिशान तक न छोड़े हैं जो लोग भूख से मरने लगे सड़कों पर बिखर गई दाप जो थे जो बूढ़े बाप थे उन्हों ने क्या किया कि अपने जवान बेटों को मंडियों में ले जाने लगे कि इनको फ्री में वह मामले में इन हंगरी में बुलाते सिर्फ इसलिए कि शायद यह जवान है इन को गुलाम बना लेंगे तो दो वक्त की रोटी तो मिलेगी ना हमने तो मर जाना है उस टाइम ही पड़े तो औरतों ने और से जो थी वह अपनी बेटियों को लेकर जाएं ऐसी बातें बेटियां तो वह गुलाम देने पर रही थी इतनी जो कि शिकायत नहीं होती तो बेटियों को लेकर दरियाओं में छलांग लगाती मीणा जिम्मेदारियों पर चलाएंगे लगा देती थी कि भूख की तकलीफ से वितरण डूब के मर मर जाना दिशा जहाज है वह बड़ा तरस खाने वाला आदमी इतना तरस खाने वाला आदमी था कि उसने इस सूखे की वजह से जो लोग मधुमेह में रक्त एकत्र सेक्सी इनकी नियुक्ति पत्र खुर्रम किसने फिक्सिंग की टोटल कम 1 लाख यह पसंद है के बेर मुमताज़ महल को पिछले साल पहले करना देता 50 लाख लाख लोग कितने मरे हैं इस सूखे की वजह से नकल टोटल प्रथम कितनी बैठ रहा है एक लाख आप थोड़ा और बता देता हूं आपको बहुत ही नशा ख्याल ताजमहल को बनाने के लिए आपको थोड़ा सा बता दूं कि ताज महल इसने बनवाया के ऊपर इन्होंने जो हमारे पास अवेलेबल मैं तो खर्चे की बात करूंगा किसी ताजमहल पर ₹400 एक बड़ा मशहूर ताज ताज जिसके अंदर कोहिनूर जुड़ा हुआ था इंग्लैंड ने हां जी तपस्या जो भी है तो उसकी कीमत कितनी ₹30000000 उसको टाइम पर उसके बाद अगर आपको अगर आपको जानना होना के जो कहते हैं कि हिंदुस्तानी अवाम से कितनी ज्यादा मोहब्बत इनको तो फिर आप यह पड़े कि हिंदुस्तान के एग्रीकल्चर के साथ कितना बड़ा जुल्म किया इन मुगलों ने ठीक है अब उसके अलावा आज फिर एक तो तय है कि यार आपने किसी को गिफ्ट दिया तो उसके बदले में आपको गिफ्ट दे रहा है आप इंटरव्यू रिक्वेस्ट करूंगा कि फिल्म को बोलिए कि Bigg Boss को जरूर पढ़िएगा वह कहता है कि उनको जो रिटर्न गिफ्ट थे वह इतने एंबैरेसिंग होते थे इतने बरस घोड़ों थे कि दरबार में खड़े मुझे देखकर शरमा तय तिथि कि यह बादशाहों को दिए जा रहा है यह सजा को दिए जा रहे हैं मतलब आप किसी दे रहे हैं यार सिल्क गिफ्ट दे रहे हैं और वापसी पर वह आप कुछ है वह निकाह सिक्का दे देता है या एक गंदी चीज चमड़ी की बनी हुई जब बना हुआ जूता दे देता है खजूर मुनक्का करते हुए हैं उनको उनके आने पर 8804 लेकर चूना लगाना चाहिए जितनी हिंदुस्तान की फिर आप टाइम पर इंडियन टाइम पर वह आप यह कह लें कि हीरो से जीरो दो या एक तरफ एक नदी के किनारे नदी के किनारे में एग्जांपल लंबी वीडियो बहुत लंबी हो जाएगी नदी के किनारे में है है और नदी के किनारे आप अगर प्यासा मर जाएं प्यास से मर जाए था से मर जाएं तो यह पॉसिबल नहीं हो सकता मुगलों ने लिए यह मुमकिन इतनी एग्रीकल्चरल लैंड होने के बावजूद अनाज यूज करने वाली होने के बावजूद उन्होंने इस ट्रीटमेंट की सूखा का ध्येय है वह मेल्ट किया और मैं तो सिर्फ सूंघ लेता हूं आपको पता लगेगा कि फिर यहां से ना किसी की बेटी का बेटा छोड़ा से लोगों को बर्बाद बर्बाद दुनिया की टॉप-10 में सब्सक्राइब लेकर हजार साल तक जहर टॉपिक और निम्न में से था और वह नोट फिर चली गई फिर तो आपने जान के लाले पड़ गए इनको स्पाइडर भाई आपने बहुत सारी जानकारियां दी हैं और बहुत ही खुले मन से बताया है और बताया है कि कहा जाता है कि हिंदुओं ने कुछ बुक्स लिखी है जिसे मुसलमानों को मुगलों को क्रिटिसाइज किया गया है यहां अपने कुंजी बता दिया है कि आमिर खान जैसे हिस्टोरियंस रहे हैं और उनके खुद की जिन्होंने इतनी बड़ी लूट पाट कि उनके पुत्र की जीवनी में सब बातें पुणे खुद ने ही लिखी है और इसी तरीके की और भी जानकारी से भरपूर हम जो वीडियोस है वह लाते रहेंगे इस पॉइंट भाई हम कोशिश करेंगे कि आपको संडे के संडे जो हमारी इस्लामिक हिस्ट्री क्रिकेट सीरीज है उसको कंटिन्यू रखेंगे और हमारे सभी दर्शकों से एक बार फिर से रिक्वेस्ट है कि ex-muslim स्पार्टाकस YouTube चैनल का लिंक पिन कमेंट में दिया है उसको क्लिक करके वहां पहुंचे और बहुत सारी मौज स्कूल वीडियोस है बहुत छोटे-छोटे मैं बहुत अच्छी-अच्छी बातें बताई गई उन सबको भी देखें उस चैनल को सपोर्ट की बहुत जरूरत है आपकी आप सबका भी बहुत-बहुत धन्यवाद है
Subscribe to:
Post Comments (Atom)
😲 अपना Point साबित के लिए इतने कुतर्कआइये कुछ Cross Questions करें।
में एक बार क्या हुआ कि उनका खूब सारा लोगों ने आप जैसे यह दोनों ने बहुत विरोध किया और उन विरोध करने वाले लोगों ने महर्षि दयानंद सरस्वती जी...
-
हेलो दोस्तों प्रतीक्षा समाप्त हुई सनातन से तू आ चुका है सनातन सेतु का लिंक अब हर जगह पर आपको मिल जाएगा हमारे जितने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म...
-
लुट नमस्कार दोस्तों आप सबका एक बार फिर से स्वागत है आपके अपने YouTube चैनल सत्य सनातन में बहुत समय एक बाद पाठक जब एक बार फिर से हमारे साथ...
-
Jhala To give such a big statement on Owaisi Despite no case FIR was registered while He has threatened directly in it and said It is th...
No comments:
Post a Comment