Tuesday, 3 February 2026

सौ वर्षों तक जवान व शक्तिशाली होकर कैसे जियें Satya Sanatan Ankur Arya Swami Videhdev Ji

तो यह पंचभूतात्मक शरीर है और अगर विकृति आ गई हैं तो पतंजलि बैलेंस में आए पॉइंट पांच भूतों की सहायता से ही आप अपने रोगों को ठीक करते हैं तो यहां पतंजली बैलेंस में होंगी तुम जरा चिकित्सा करते हैं पानी से हाइड्रोथैरेपी देते हैं तो ज्यादा चिकित्सा करते होंगे और हनुमान मिट्टी चिकित्सा करते हैं तो अलग कटार से मसाज पैक हम लगाकर ने सेट पर आंखों पर आप लगाते हैं और पिंडलियों पर को इस प्रकार से हम मिट्टी चिकित्सा कराते हो फुल बॉडी मच स्नान आपको पर आते हैं जिससे कि आप किस प्रकार की जो ऑप्शंस हैं वह बाहर निकलते हैं और आपकी त्वचा में चमक आती है और बहुत सारी जो हमारे सिर दोस्तों हैं वहां तक प्रॉब्लम संतुलन होता है उनका जो प्रकोप बढ़ जाता है शरीर में तो उसको खींच लेते हैं ऐसे हवाई चिकित्सा करते हैं लिखे थे कि अगर आपको देते हैं हम भवन में आप सभ्य में एक्जिट पोल में ही प्रकार की औषधियां देते हैं और दुआ होता है नैनो पार्टिकल लेकर कि हमारे शरीर के माध्यम से मानव शरीर के अंगों तक जाती हैं यहां से जरूरत है और उसकी एक प्रति कोई ली है अजय को को मजबूत तो आप सबका एक बार फिर से स्वागत है आपके अपने YouTube चैनल सत्य सनातन में और हमारे साथ में परम पूज्य स्वामी जी महाराज स्वामी ग्रह देव जी उपस्थित हैं और जो आजकल आप पूरे ज्वेल नेक्स्ट की व्यवस्थाएं देख रहे हैं स्वामी जी सबसे पहले तो आपका सत्य सनातन पर बहुत-बहुत स्वागत है प्रणाम गुरुजी आपका भी बहुत बहुत अभिनंदन और आपके सभी श्रोताओं को सभी दर्शकों को मेरा बहुत-बहुत प्रणाम स्वामी जी कईं बार मेरा पतंजलि का आगमन होता रहा है और तब मैं प्रतिवर्ष और खुद भी जाकर के योग ग्राम ट्रीटमेंट लेता हूं क्योंकि आपका शुरुआत से कहना है कि भई शरीर को बिगड़ने के बाद ठीक करना और शरीर को हमेशा के लिए स्वस्थ रखना कि दो अलग अलग चीजें हैं जिस प्रकार से पुलिस का कार्य है कि अपराध होने के बाद में न्याय दिलाने का नहीं बल्कि अपराध हो ही नहीं इसी प्रकार से डॉ रैकवैग की यही साथ शेयर कोशिश होनी चाहिए तो बैलेंस जो नाम सुन रहे हैं हम पहली बार सुन रहे हैं योग ग्राम निगम एवं को मैंने सुना था कि वे ग्लास के विषय में हम जाना चाहते हैं कि यह है क्या है इसकी आवश्यकता क्यों हुई है और इसका आगामी भविष्य में और क्या कैसे विजन है हां जी बिल्कुल कि कुरना महामारी के बीच में यह बहुत पॉपुलर हुआ बैलेंस धूप और इसको अगर अलग शब्दों में कहें तो हॉलिस्टिक अप्रोच टुवर्ड्स योर हेल्थ तो उसको बैलेंस कहा जाता है जहां पर आप संस्कृत स्वस्थ रहते हैं मानसिक रूप से भी आप RO का अनुभव करते हैं और आत्मिक और भौतिक रूप से भी आप पूरी तरह से सक्षम अपने आपको पाते हैं तो आप स्वस्थ है तो आपके स्वास्थ्य का रक्षण हो और यदि किसी प्रकार से प्रारब्धवश संस्कारवश जेनेटिकली आपको कोई रोग आ गया हो शरीर में कोई कष्ट हो गया हो शरीर में कोई पीड़ा हो गई हो या आज के इस वातावरण में गलत खान-पान के कारण से ओवरइटिंग के कारण से या जीवनशैली का जो एक स्वरूप हम सबको दिखाई देता है जो बहुत हनी अमित मेहता कि उस कारण से शरीर में मन में किसी प्रकार से विकार आ गया हो दोष आ गया हो तो उससे कैसे प्राकृतिक तरीके से जो इस अपना प्रकृति ने हमको औषधियां दी है वनस्पतियां दी हैं हमको जो उपाय दिया वहीं और हमारे ऋषि-मुनियों ने उस अदृश्य उपचार पद्धति को भी जो दृश्य रूप में ले करके आए जिस पुलिस सभी माध्यमों से जब हम निकल निरापद चिकित्सा व्यवस्था अपनाते हैं और फिर अपने स्वास्थ्य को ठीक करते हैं और आगे से स्वास्थ्य खराब ना हो उसके लिए जो हम प्रयत्न करते हैं उसका नाम है पतंजलि बैलेंस है तो कि किसी भी चिकित्सा पद्धति है मां का यह स्वरूप नहीं हो सकता है कि केवल वह बीमारी के बाद इलाज करें जैसा अपने एग्जांपल लिया कि सामाजिक व्यवस्था को स्वस्थ रखने के लिए उसमें समरसता लाने के लिए तो उसमें सोंठ जलाने के लिए उसमें एक सुव्यवस्था लाने के लिए हमें प्रोएक्टिव ऐक्शन लेने होता है उस जो क्रॉस इमेजेस हैव अ हमको समाज में भी चाहिए और इस शरीर में होने वाले जो रोग है उनकी चिकित्सा भी पहले से ही हो जाएं में उत्पन्न नहीं ना हो वह आपके तन और मन को दूषित न करने पाएं इन सब जो समग्र दर्शन शुद्ध का तो उसका नाम पतंजलि लाल मिर्च और परमपूज्य महाराजश्री ने आवश्यकता को बहुत गहरे रूप में समझा लोगों की पीड़ाओं को समझा और कि जब उन्होंने इसके ऊपर चिंतन किया मंथन किया तो उनकी या अंतः प्रेरणा हुई कि कैसे हम आज के समय में एक साथ मिलकर के बहुत सारी पद्धतियां हैं बहुत सारे उपाय हैं बहुत सारी चीजें उन सबका जो एक इंटेक्स रिलेटिड रूप है जो एक इंटिग्रेशन है उसके साथ हम कैसे एक बार कर सकते हैं जिससे भाइयों पर उसका नाम है पतंजलि गए मर्जी हम यह जानना चाहते हैं कि यह तो चिकित्सा हो रही है इसका आधार क्या है कि मतलब हम यहां पर मिट्टी पट्टी कर रहे हैं जल चिकित्सा कर रहे हैं हम यह अग्नि से शिक्षा कर रहे हैं कि वायु से चिकित्सा कर रहे हैं तो इन सब का आधार क्या है और शरीर की शुद्धि में इनका क्या योगदान है क्या प्रमाणित करता है अच्छा जी अच्छा जी और आप सभी दर्शक भी जानते हैं कि यह देख पंचभूतों से बनी हुई है आकाश वायु अग्नि और उच्च ठीक है यह पांच तत्वों से शरीर बना हुआ है और इन्हीं पांच तत्वों से हमारी इस प्रकार का यह पूरा अस्तित्व अलग रूप प्रकट हुआ इंच पर प्रतिदिन पांच भूतों से भरे हुए शरीर में यदि किसी प्रकार की खराबी आ जाती है किसी प्रकार की कमजोरी आ जाती है किसी प्रकार से कोई शरीर का उपकरण खराब हो जाता है या पीला पड़ जाता है या यूं कहें कि इसी प्रकार से उसमें विकृति आ जाती है है तो एक्सांपल दे कर कि आपको बताना चाहूंगा कि आपने गाड़ी लेते हैं किसी किसी कंपनी की गाड़ी लेते हैं और वह गाड़ी आपको कुछ शोरूम भी बताती है कि यह गाड़ी अगर कहीं खराब हो जाती हैं कहीं उसके पास के अलाइनमेंट फेस का कोटिंग अधिक करवाना हो इसमें कहीं कॉलिंग करा नहीं हो तो आपको उस अ सर्विस सेंटर पर ऑथराइज्ड सर्विस सेंटर पर जाना होता है और आप अपनी गाड़ी ले जाते हैं और उस गाड़ी को आखिरी करते हैं आपको भले दो दिन लगे 5 दिन लगे सात दिन लगे लेकिन आप यह नहीं कहते कि मैं गाड़ी भी चलाता रहूंगा और आप मेरी गाड़ी को ठीक भी जरूर देंगे तो आपको बात करनी पड़ती है गाड़ी को उसको सोल्व करना पड़ता है कि ठीक है अब आप इसकी रिपेयरिंग शुरू करें तो उसी प्रकार से यह पंचभूतात्मक शरीर है और अगर विकृति आ गई हैं तो पतंजलि बैलेंस में आए पॉइंट पांच भूतों की सहायता से ही आप अपने रोगों को ठीक करते हैं तो यहां पतंजली भाइयों इसमें हम का पूजन चिकित्सा करते हैं पानी से हाइड्रोथैरेपी देते हैं तो जल चिकित्सा करते होंगे नंबर मिट्टी चिकित्सा करते हैं तो अलग से मसाज पैक हम लगाकर ने सेट पर आंखों पर आप लगाते हैं और पिंडलियों पर को इस प्रकार से हम मिट्टी चिकित्सा कराते हो फुल बॉडी मच स्नान आपको पर आते हैं जिससे कि आप किस प्रकार की जो ऑप्शंस हैं वह बाहर निकलते हैं और आपकी त्वचा में चमक आती है और बहुत सारी जो हमारे सिर दोस्तों हैं वहां तक प्रॉब्लम संतुलन होता है उनका जो प्रकोप बढ़ जाता है शरीर में तो उसको खींच लेते हैं ऐसे हवाई चिकित्सा करते हैं लिक्विड शेयर आपको देते हैं हम हवन में आप यह जब मैं एमजी रोड में ही प्रकार की औषधियां देते हैं और यह जो दुआ होता है उनकी दवाई निकलती है वह नैनोपार्टिकल लेकर कि हमारे स्वास्थ्य के माध्यम से मानव शरीर के उन अंगों तक जाती है जहां से जरूरत है और उसकी टिकती है ऐसी आधुनिक चिकित्सा हम कराते हैं और ऐसे ही सूख वास करती थी यह हम आकाश चिकित्सा को बोल सकते हैं कि मोक्ष का हर चीज है कि तो उसका आप धार्मिक करता है कि समीप बैठना पूजन तो पहला तो हम अपने ही सभी बैठे सूखे हम अपने शरीर में रखेंगे अब हम अपने समीप नहीं है यह तो उपवास जरूर जमा कराते हैं तो व्यक्ति अपने आप में लौटना शुरू कर जाता है अपने पास बैठना शुरू कर देता है और ऐसे उपवास थेरेपी का तेल लें फिर करवाते हुए इन पांच भूतों की माध्यम से ही हम शरीर में विजातीय तत्वों को बाहर निकालते हैं व्हाट्सएप रूप से करवाते हैं शिवा साथ में जब यह डिटॉक्सिफिकेशन हो जाता है तो व्यक्ति का जो संपूर्ण सामर्थ्य वह तभी बात बनेगी तो इसको फ्रेशनेस महसूस महसूस होती है कुछ उसको शरीर हल्का महसूस होता है और आंतरिक सफाई के साथ-साथ उसी विचारों में परिवर्तन आता है उसके स्वभाव में परिवर्तन आता है तो यह सबसे बड़ी बात है इसलिए पंचभूतात्मक शरीर का उपचार भी संस भूतात्मक पिंपल अंग शिकार विकार आ गए हैं हम पंचभूतात्मक चिकित्सालय करके उस असंतुलन को दूर करते हैं कौन पुणे ऐसा संतुलन बिठाते हैं जिससे कि उसका मन प्रसन्न हो और आगे से वह उन अक्षरों को याद रख पाए कि मुझे कहां पर गलती पीस नहीं करनी है यहां पर मुझे आहार-विहार विचार का विशेष ध्यान रखना है तो यह सामर्थ्य भोजन में मौजूद बहुत बड़ी बात आप सब लोगों के सामने कह रहा हूं जब आप अंजलि बैलेंस में सात दिन और 10 दिन 15 दिन नहीं ना किस प्रकार के जब आप अपने हेल्प टूरिज्म के लिए आते हैं अपने सूर्य उदय होता है हेल्थ भी बढ़ती है और निरोगी बने रहते हैं लंबे समय तक तो इसमें जवाब अपनी प्रकृति को पहचानने लग जाते हैं जब आप अपने वास्तविक तक प्रकृति को पहचान करके उसके अनुसार जब आप अपना खान-पान अपनी दिनचर्या अपनी ऋतु जरिया करते हैं तो एक बहुत बड़ा सामर्थ्य संभल आपके भीतर पैदा होता है और आप फिर आप अपने स्वयं के ऑफ उड़ जाते हैं और आपको फिर हमारी जरूरत तभी बढ़ेगी जब आपको इसी महीने पांच महीने में दर्द 10 महीने में एक बार शरीर की शुद्धि करने की जरूरत पड़ेगी लुट हो जाएंगे फिर आप कोई डिश लाइक पर डिवाइन ट्रांसफॉर्मेशन हो जाएगा आपके भीतर की शुरुआत शक्तियां बाहर आ जाएंगे आपका डिवाइस एक्सप्रेशन हो जाएगा कंप्लीट रिजर्वेशन हो जाएगा और फिर आपका यह एक बार फिर इसे बोलता है एक फूल डे में पुनर्जन्म हो जाएगा जिस देश मे रहते हैं आप लंबे हो जाएंगे इंग्लिश स्वामी जी जैसा कि बैलेंस नाम से लग रहा है कि एक तो युवाओं को भी का केंद्रित करेगा और मैंने भी की जून में देखा आपने पूरा कार्यक्रम भी देखा युवाओं की पूरी भीड़ थी जहां पर भीम देखना है युवा जो है बीमारियां यूं ही नहीं तो इस प्रकार से मोड़ कर रहे हैं और मेडिटेशन कर रहे हैं पूरा ध्यान पूरा फोकस इसी चीज पर है युवाओं को आप क्या कहना चाहिए क्योंकि फिर भी कहीं ना कहीं ऐसा रहता है कि हमारे जी बड़े बुजुर्ग कहते हैं कि स्वेटर खाओ खूब जीपीओ और यह तो मस्ती का टाइम है और कुछ हुआ भी इसी प्रकार ऐसे करते हैं लेकिन क्या एक बुद्धि 1GB पर मंथ के बाद में उसने बदलवाने बड़े क्रिकेटर नहीं फ्रेंडशिप करना पड़े वह या फिर हम हमेशा युवा की तरह जैसे कि परम पूज्य स्वामी जी महाराज हमारे लिए आदर्श हैं तो उनकी आयु का यह पता नहीं लगता है और वह आज भी हम लोगों से मैं तो अपनी बात करता हूं बहुत ज्यादा जितना भी हम लोगों को देखा है सुबह से लेकर शाम तक मुझे नहीं पता 18 24 घंटे कितना आनंद आता रहता होगा यह पूरी की पूरी हो सकती है और स्वामी जी महाराज ने अपने की फ्री में कटी हुई है इस पर मैं कुछ चीज के लिए था पैसे की वहीं करी है व्यवसाय के भी सा लेंगे और तरफ मिलेगा फ्री की हवा है हमारा जी युवाओं के लिए इसमें क्या संदेश है कि युवा क्या उसी प्रकार से के बर्तन की व्रत करते रहें जब फिर उनको अभी सही अपने लिए कार्य करने चाहिए हमेशा हमेशा के लिए यूअर रहने के लिए एक दूसरे को लगता जैसे आपने कहा कि युवाओं को कहा गया है कि खूब खाओ पियो मौज करो यह उनकी उम्र है यह बात सही है है लेकिन बात सही होने के बाद जो वह तरीके अपनाते हैं वह गलत है ना है जुआ है तो इससे मस्से से भरा हुआ नाचे जोश उत्साह से भरा होना चाहिए जो उससे नीचे के व्यक्ति उनके प्रति उसके बदले में उसने हो जो उससे बड़े हो उसके प्रति सम्मान हो जो हमारी परंपराएं हैं जो मारी सत्य सनातन की परंपराएं हैं इस बिमारी वैदिक घर में की परंपराएं हिंदू धर्म की परंपरा हैं क्योंकि बहुत सी साइंटिफिक वे में गठित की गई हैं उससे एक आदर्श समाज परिवार व्यक्ति और राष्ट्र और विश्व का निर्माण होता है तो युवा को सब प्रकार के ऐश्वर्य का भोग करना चाहिए लेकिन एक अमर्यादित हो करके और उसके जो तरीके है तौर तरीके हैं अभी के व्यवस्था में को पिकअप भ्रमवश वह समझता है युवक कि वह ऐश्वर्य का भोग कर रहा है लेकिन वह ऐश्वर्य सामाजिक होते हुए धीरे-धीरे कि इंद्रियों को उसके मन को उसके तन को उसकी आत्मा को खत्म कर रहे हैं इससे इधर एक और तरीका है जहां पर वह अपने शरीर को समझते हुए मन को समझते हुए अपनी बौद्धिक क्षमता का विकास करता है आत्मिक शक्ति का विकास करता है और इस भगवान के द्वारा बनाएगी इस मां इस सृष्टि का एक उसके सुत्र और जैसे हर एक पुत्र और पुत्री का उसके माता-पिता पर उसके वैभव फंक्शनल उसकी सब प्रकार की संपत्ति पर पूर्ण अधिकार होता अधिकार पूर्व संभोग करते हैं लेकिन साथ में एक आचरण और एक का उसको बढ़ाने का प्रयत्न करते हैं कि हमारे माता-पिता हमारे लिए थोड़ा है जिस हिसाब हमारा यह कर्तव्य है कि हम इसको सेवा का आधार बनाकर के हम इसको ऊंचाई पर ले जाएं और अधिक सेवा हम कर पाए ऐसे ही युवाचार्य को चाहिए अपने तन मन अपने बुद्धि और उनकी आत्मा का विकास करते हुए योग आयुर्वेद और अपने इन सब प्राकृतिक चिकित्सा पद्धति का आधार लेते हुए सात्विक तरीके से और संपूर्णता के साथ अपने स्वास्थ्य को सर्वोपरि मसाले और यादव पूर्व वो करें आप दो आचार्य हैं आदमी पढ़ा भी है और आप जानते भी है कि इशोपनिषद का पहला ही मंत्र है यजुर्वेद का पहला मंत्र है कि ईशा वास्यमिदं सर्वं यत्किञ्च जगत्यां जगत् दे रखे रंजीता ह्रदय तक हम इस उपयोग पूर्वक भोग करें यह फैला संदेश है युवाओं के लिए और कहीं कमजोर नहीं पढ़ना है अपने को सारे से मरने से और सब प्रकार से सामर्थ्य से जुड़ना है हमें शरीर का बल बढ़ाना है हमको मनोबल बढ़ाना है हमें आत्मा का बल बढ़ाना है हमें बुद्धि के बल बढ़ाने और अंततोगत्वा हमें उसी धर्म वालों को प्राप्त करना है जैसे के आधार पर सब प्रकार का सृजन होता है सब संकल्पों की पूर्ति होती है और पतंजलि बैलेंस उनके लिए कैसा का मंदिर है केंद्र है जहां पर आकर के वह अपनी जड़ों से जुड़ सकते हैं अपने स्वास्थ्य को हमें लगता है कि जिम जा रहे हैं खूब उनकी शरीर का ढांचा को अच्छा है लेकिन कहीं न कहीं भी तरफ वृद्धि होती है फिर दूर से खट्टा हो जाते विकार करते हो जाते हैं जैसे शरीर की शुध्दि करते हुए और सशक्तिकरण करते हुए जब वे अपने कार्य क्षेत्र में अपने कर्मक्षेत्र में उतरेंगे अपने द्वारा सब प्रकार से इस वक्त परिवार और समाज और राष्ट्र को आगे बढ़ाने के बारे में लगेंगे सुनिश्चित रूप से वह अपने आप को अब मैं सशक्त महसूस कर पाएंगे अपने आपको एक साथ बलवान शिक्षा दयावान इसलिए साथ प्रज्ञा आवाज एक साथ बिना ही उनके भीतर आएगी तो यह तो द्वैत है इस पृथ्वी में बहुत व्यस्त युवा के भीतर घटित होगा झा यह और पराक्रम की बात करता है तो दूसरी ओर मुख समाधि करना जानता है एक ओर जहां पर उस वह न्यायकारी है तो दूसरी ओर दयालु भी है तो उसका जो समग्र विकास होगा वहीं पतंजलि बैलेंस का लक्ष्य है वहीं थे है युवाओं को केंद्रीकरण होना बहुत जरूरी है मन और मस्तिष्क का संतुलन होना बहुत जरूरी है स्वामी जी महाराज ने जो बात कही है वह कई बार सुर्खियों में कईं बार उपयोग में भी आती है कि शर्मा उसी को सकती है जिसके अंदर बल हो और हम देखते हैं कि जो जितना कमजोर होता है उसके अंदर उतना ज्यादा करो धुंध अश्लीलता होती है और वह उतना ज्यादा अपने जीवन को डिसबैलेंस तरीके से जीता है और आज के युवाओं को इस बात को तुम्हारा जी बहुत भान हो चुका है कि हम एक बैलेंस लाइव्स इन है यह बैलेंस व जो है यह युवाओं में बहुत प्रचलित हो चुका है क्या बैलेंस करना है बैलेंस माइंड होना चाहिए तो अ मिलियन ले जाना चाहते हैं कि युवा तो बहुत आना चाहते हैं मैं भी आना चाहता हूं और हो सकता है कि कुछ दिनों के बाद मैं आपके लिए आपको यही फिर मिलूंगी तुम्हारा जी आना तो बहुत लोग चाहते हैं लेकिन सही तरीके का कई बार पता नहीं लगता है कई बार होता है कि कुछ अश्लील करने वाले कुछ प्रपंच करने वाले लोग भी ऐसे सीधे साधे लोगों को उलझा लेते हैं क्योंकि महाराज श्री का आदेश हुआ था इरफान पूज्य महाराज श्री जी ने कहा यह इसका यहां पर शुरुआत के शुभारंभ हुआ उसके बाद काफी लोगों में वह मछली के भाई हमें भी जाना मारा करेंगे दक्षिण भी वहां पर होते हैं उनके सानिध्य में उपयोग करते हैं लेकिन इस बीच क्या होता है कि कुछ गलत लोग भ्रष्ट इसमें सेंध लगा लेते हैं कुछ ऐसा अ बताइए हमारे लोगों को युवाओं को दर्शकों को कि वह किसी भी प्रकार के झांसे में ना ऐड कि जहां पर हमने देखा है कि अच्छे कार्य होते हैं तो वहां पर कुछ ना कुछ बुरी शक्तियां उस यज्ञ में हाथ डालने के लिए मजबूती इग्नोर डालने के लिए वह चाहते हैं तो उसके लिए भी आप थोड़ा सा दिशा-निर्देशित अमरेश अब जैसे आपके सामने आया है वैसे हमारे समुदाय और परम पूज्य महाराज श्री के समुदाय और उसके लिए त राज्यसत्ता का हम जो उपयोग कर सकते हैं अब जो हमारे न्यायपालिका है दी तो इन सबका हम हमने उनको सूचित भी किया है उन लोगों को डॉक्यूमेंटेशन भी दिए हैं कि जो कुछ धोखाधड़ी के कैसे जाए हैं हमारे पास आ रहे हैं उनके प्रति हमारी सहानुभूति भी है लेकिन साथ में हमारा यह सदैव से प्रयत्न रहा है कि यह जो डिजिटल चोरी है यह बहुत बड़ा विषय बनता जा रहा है और कहीं ना कहीं सरकार को इस ओर सोचना भी पड़ेगा क्योंकि यह स्किन चोरियों को रोकना यह जब तक एक बहुत बड़ा तंत्र के पीछे नहीं लग जाता है सब कुछ छोड़कर के हद तक इनको रोकना भी मुश्किल हो जाता है लेकिन उससे पूर्व भी कर सकते हैं और जागरूकता एक बहुत बड़ा हथियार है जिसके माध्यम से हम इस प्रकार की जो खत्म यह जो छल-कपट करने वाले लोग हैं जो आपने कहा कि अच्छे कार्यों विशेष आने वाले लोग हैं या जो मासूम भोले-भाले लोग हैं उनकी भावनाओं के साथ उनकी आप आशाओं और अपेक्षाओं के साथ उनके विश्वास के साथ धोखा करते हैं तो उसके लिए मैं कहना चाहूंगा कि आप इस वीडियो को अधिक से अधिक लोगो तक पहुचाएं जिससे कि उपचार हो सके व उनका ठीक से उपचार हो सके तो www.patanjali.com यह हमारी मुख्य और आधिकारिक वेबसाइट है जहां पर पतंजलि बैलेंस में प्रवेश से लेकर वहां क्या-क्या चिकित्सा होती है क्या वहां पर व्यवस्था है क्या-क्या दिनचर्या वहां पर पौधों की जाती है कैसे-कैसे आपको रोग अनुसार चिकित्सा की जाती है इस प्रकार का विवरण है और कैसे आप का प्रवेश होगा तो वहां पर आप इस देश में कुछ लोग हैं जो ऑनलाइन बुकिंग करा जानते हैं और डिजिटल इंडिया होने के बाद इसका प्रतिशत बढ़ भी गया है लेकिन अभी भी गांव देहात में ऐसे लोग हैं जिनकी हिस इंटीग्रिटी आफ थिस योग आयुर्वेद और नेचुरोपथी पंचकर्म विश्वकर्म और इन सब प्रकार के भारतीय शिखर पुरातन चिकित्सा पद्धति में विश्वास है बढ़ाना चाहते हैं जिस और चुके गांव और जमीन से जुड़े हुए लोग हैं और उन्हें जब लगता है कि हमें प्राकृतिक चिकित्सा के माध्यम से हमको चिकित्सा मिलेगी जुड़ाव महसूस करते हैं और उनका यह श्रद्धा और समर्पण का भी आ भी प्रश्न है तो वे लोग जो ऑनलाइन नहीं करा सकते हैं तो उनके लिए हमने अलग-अलग आपने चाय पतंजलि योग ग्राम उनके लिए 1954 80 सिंगल नंबर रखा हुआ है विसनगर नंबर पर अगर एक साथ 20 लोग भी कॉल कर रहे हैं तो वह सारे उत्तेजित हो जाते हैं तो उनको अ उनको समाधान में जाता हमको लेकिन फिर जाती है रजिस्ट्रेशन हो जाता है ऐसे ही पतंजलि बैलेंस पतंजलि योगपीठ हरिद्वार में हमने इस सीरीज में 8954 80 पेज नंबर रखा हुआ है और उसके पीछे बहुत बड़ी टीम काम करती है 30 से 50 लोगों की जो इस ऐसे हमारे स्वास्थ्य को उसे कसम बात करती है और उस संवाद से उनको उसी के भीतर जो ऊपर प्रश्न है उनको तरह करती है और उनका यहां आने का मार्ग प्रशस्त करती है तो एक तरीका है कि वह फोन करके आ जाएं अपनी बुकिंग कर लें और फिर वहां से जो अकाउंट नंबर दिया जा रहा है यदि आप ऑनलाइन बुक नहीं करा पा रहे हैं तो वैलेस की वेबसाइट पर जाकर के भी आप उस हमारे नंबर पर फोन करने के बाद भी आप उसका स्पष्टीकरण लेने वेबसाइट पर जाकर कि उसको वैलिडेट कर लें उसको जांच लें जब दोनों चीजें मैच करती हूं तो फिर बिना संघ के आप अपनी बुकिंग करवा लें लेकिन कोई भी व्यक्ति आपको पतंजली बैलेंस पतंजलि के नाम से हम आपको बुकिंग देंगे इन हम आपके यहां पर रिजर्वेशन कर लेंगे क्योंकि यहां पर बढ़त कि लोग आते हैं लगभग एक-डेढ़ महीने की यहां पर एडवांस की बुकिंग चल रही होती हैं स्थान उपलब्ध नहीं होता है तो ऐसे में इतना सा कि हम आपको स्थान दे देंगे हम परम पूज्य महाराज श्री के करीबी हैं और किसी प्रकार की फोटो दिखा सकते हैं आपको हमारा के साथ आशीर्वाद लेते हुए किसी की फोटो दिखा सकते हैं आचार्य श्री के साथ आशीर्वाद लेते हुए कोई फोटो दिखा सकते हैं पतंजलि का कोई लेटर हैड फर्जी प्रयोग कर सकते हैं आचार्य श्री के सिगनेचर इन थे सिगनेचर प्रयोग कर सकते हैं इन सब किसी प्रकार का बुकिंग से पहले पैसे डालने से पहले इस प्रकार का आपको कोई डॉक्यूमेंट नहीं दिया जाता है हमारी तरफ से अगर आप और मुकर रहे हैं आखिर ईमेल पर आपके SMS पर आपको अपनी बुकिंग कन्फर्मेशन आदमी मिलती है जिससे कि यह जो प्रक्रिया यह निर्विवाद रूप से चल सके और हम ऐसे के से बच सकते थे और हम आपके स्वास्थ्य पर ध्यान देकर आप अपनी पीड़ा से तो पीड़ित थे ही टिक और फिर आप मुसीबत मोल न लें इसके लिए पहले जांच लें और फिर वेरीफाई करके ही पतंजलि बहुत बड़ा संस्थान है आप उसके जो प्रमाणित स्वर से धो है तो उनको आप अवश्य जाते हैं अपने आस-पास के लोगों से पूछें और ऐसे विचार विमर्श करने के बाद यहां पर आएं प्रक्रिया में बहुत सुकून रखी हुई है कि स्वामी मैंने देखा ब्रेड बैक गियर को क्या लिखा है जी आई जे आर और एक ऊपर भी वह रोमन में यह लिखा हुआ है अगर कोई पहचानना चाहे तो इसको जान-पहचान नहीं सकता है जिस प्रकार की बातें होती है पहचान सकता मेल पर आपके लिंक आ रहा है वह एकदम सॉफ्ट एकदम सॉफ्ट प्रोसेस है जो गैरिसन प्रोटेक्टर जाएं हम यह अपने जो बात सही है कि लूटे हुए होते हैं बहुत सारे परेशान लोग होते हैं एक सवाल यह उठ जाता है कि एक तो हम अपने रोग से परेशान है फिर यह है कि हमें एलोपैथी न 10 साल 15 साल तक वैसे ही लूट लिया है फिर आ जाती है यह चीजें अब हम बात करेंगे उस ऐसे ही तुम्हारा श्री एलोपैथी में लोग कहते हैं कि अब मैं तो रोजाना क्योंकि सुबह पांच में जैसा योग करता हूं तुम्हारा श्री केदार छात्रों के साथ शादी तो चीजें की सुनने को मिलती हैव एक्सपीरियंस से सुनने को मिलते हैं जब लोग बता रहे हैं कि 15 साल से मुझे घुटनों के दर्द से एक बार की श्रेणी में नहीं आ रहा हो गया एड़ी का दर्द होना बताकर गांठ इसमें सैनिक लिए इस लेकिन एक तरफ वह भी हैं जो डॉक्टर्स कहते हैं कि हमारे पास आइए हम आपको इस टेंडर रहेंगे गोली लीजिए आपको आराम हो गया आपका भी फीका हो गया आपका थायराइड का हो गया प्रादुर्भाव हो गया को इसी प्रकार की शल्य चिकित्सा हो गई हम तो तुरंत आराम करा देते हैं तो क्या वह आराम हमेशा के लिए आराम है या वह आराम हराम हो जाता है बाद में जीवन के लिए आप जो योग और आयुर्वेद कि हम बात कर रहे हैं नेट करके वह तो लगता है कि बहुत लोगों से इंस्टेंट मतलब मैं कुछ मिलता नहीं है जीवन की भागदौड़ बहुत ज्यादा है इंस्टंट आराम चाहिए होता है तो कैसे करें कि वह इधर वायरल और प्रोसेस को फॉलो करें या गोली लेकर अपना काम करो और काम सजाएं कि वे अपने अच्छा प्रश्न किया आपको आचार्य पर सर्वप्रथम तो मैं सबको यह कहना चाहूंगा कि यदि कि जैसे आपको पता चलता है आप बिना देर किए हुए आ जाइए प्लीज वह तो प्रथम बात हो गई क्योंकि जैसा आपने कहा कि पहले वह इस वर्ष एलोपैथी की दवाओं में उनकी सर्जरी में उसकी प्रक्रिया में उलझे रहते हैं और लुट-पिटकर कि हमारे पास आते हैं तो उनको चिकित्सा देना हों फिर भी देते हैं लेकिन ऐसी कैसी है जो प्रभाव है मुंह प्रभाव इधर धीरे मुझे धीमे-धीमे से होती है क्योंकि हम यहां पर कोई केमिकल्स प्रयोग नहीं कर रहे हैं इसी प्रकार एस्टरॉयड आपको नहीं दे रहे इसी प्रकार के बायोलॉजिकल का प्रयोग नहीं कर रहे हम तो मां प्रकृति द्वारा जो पदार्थ जो कुछ स्वास्थ्य समाधान है जिस चाहे वह हवा हो पानी हो जल हो आकाश को आपको उपवास कराते हैं आपको जल चिकित्सा देते हैं आपको मिट्टी चिकित्सा थे आपको अपनी चिकित्सा देते हैं आपको सब प्रकार के कैंसर के उपचार देते हैं और जहां बैठे हुए हैं यह जिस तरह का वातावरण यहां पर आप पी सुबह 8:00 बजे से लेकर रात्रि आज तक कोई भी हमारी स्वास्थ्या घूमते रहते हैं जिससे प्रगति के दर्शन कर करते रहते हैं तो ऐसे जो डिफ्रेंस शिकार लोग हैं जिनको हरिद्रा है इंसोमेनिया है नींद नहीं आ रही है ठीक से और किस प्रकार की मन में टॉपलेस है तो कहने का मतलब है जैसे आपको पता चले आप आ जाएं जी आपके बिहार में कम समय लगेगा लाभ आदमी की दिनचर्या आगे का जीवन चर्या आपके दोस्तों चलिए यह सब कुछ बहुत बढ़िया हो जाएगा लेकिन यदि आप एलोपैथिक के पास जा करके फिर और पासवर्ड 10 वर्ष दूर ऐसे लूट करके आते हैं तो भी आप ठीक हो जाते हैं लेकिन उसमें फिर थोड़ा समय अधिक लगता है अभी शादी नहीं तो मिटटी 15 दिन लगेंगे 15 दिन यह तो 20 दिन लगेंगे बीते दिन ठीक हो जाएंगे आप किस बात से पर हमको बचना है तो यह जो आपसे प्रश्न किया कि कैसे हम इंसानों लाभ भी ले सकते हैं तो मैं पहले चाहूंगा कि आप वहां देर ना करें तुरंत आ जाएं तो आपको सेंड नहीं तो आप उस आदमी मिला हो जाएगा फिर सात दिन नहीं तो आपको 10 दिन में लाभ हो जाएगा और आप एक सहित ट्रैक पर आ जाएंगे आप क्या पूरा शरीर तंत्र और जो 60 और तंत्र हैं तो व्यवस्थित रूप से हो जाएंगे अब हम किसी को बच्चों बच्चों को टाइप-वन डायबिटीज़ हो रहा है इंसुलिन बनना बंद हो गया है दो बार से लेना पड़ता है पेंक्रियाज फेस्टिवल नहीं पर फिटिंग हो पा रही हैं तो वह आए बच्चों को पता चला कि वो टाइप-वन डायबिटीज़ है यह तो मैं आपको आज ही आव्हान कर रहा हूं जैसे देश के किसी भी हमारे तब जो देश का भविष्य हमारा बच्चा जो अभी अपनी जीवन की सीढ़ियां चढ़ी रहा है जो अपनी शिक्षा की सीढ़ियां चढ़ी रहा है कि दी कोई भी माता-पिता मुझे सुन रहे हो तो यदि उनको टाइप-वन डायबिटीज़ है तो आप नेल्सन को पूरे विश्वास के साथ पूरे भाव के साथ श्रद्धा समर्थ चित्तौड़ भाव के साथ कि जब हम अपने बच्चे के साथ दसवें दिन बार भी दिमाग पर जाएंगे तो पूर्ण रूप से व इंश्योरेंस के बंद हो जाएगी यह हमारा विश्वास है और अंधा करके दिखाया हुआ परमपूज्य महाराजश्री ने हिम्मत कर के दिखाया हुआ यह क तु अथक पुरुषार्थी क्लिक करके दिखाया हुआ है तो ऐसे लोग आ जाएं बीपी आपको पता चल रहा है कि बढ़ रहा है तो आ जाए इसको तो हम बीमारी मानते ही नहीं है ना VPN अश्वगंधा डाइबिटीज़ पहले तो टाइप-वन डायबिटीज़ के विषय में प्रपोज मारा तब बात नहीं करते थे उस समय लगता था तो समय के साथ मुट्ठी होगा लेकिन फिर जो हमने रिसर्च की हैं जो हमने लाइव एक्सपीरियंस एस देखे हैं और हमने अपने सामने उदाहरण देखे हैं तो अब हम अब हम यह सोंग ही दो सौ प्रतिशत हजार प्रतिशत इस बात को कहने में सक्षम और गौरव महसूस करते हैं कि टाइप-वन डायबिटीज़ ठीक होती है जो अ होती है और सदा के लिए और होती है और समाज में बिगाड़ पहले दूसरे दिन सब क्योंकि मेरे रिलेटिव आए थे तो उनके बच्चे थे पहले दिन से दूसरे दिन समथिंग मिल बंद हो गई थी कि यह इस प्रकार के तो इंसान बेनिफिट में आप दर्द से लोग परेशान हैं किसी को गठियां अर्थराइटिस रूमेटाइड अर्थराइटिस से किसी को सफाई के लिए इस सफल स्पॉन्डिलाइटिस से किसी को धन्यवाद थैंक यू थिंक स्पॉन्डिलाइटिस से किसी को यह Evion हो गया है इस हाथ-पांव पूरे सिकुड़ गए हैं जो भी आप कमर यह पूरा मानसरोबर खत्म हो रहा है और उस सारे पूरे जोड़ों में दर्द होता है तो ऐड से जो स्रौत पेशंट है जो स्वास्थ्य साले हैं वह पतंजलि बैलेस में आए उनको आहार चिकित्सा दी जाती है उनको आवास शिक्षा दी जाती है और फिर उनको पंचकर्म के उनको अलग अलग औषधीय तेलों से अध्ययन कर दिया जाता है शिरोधारा दी जाती है उनको अलग प्रकार से हाथ चिकित्सा में ATM की सब्जी दी जाती है एलोवेरा टर्मरिक और मेथी भेजो इस प्रकार से आहार लेते हुए विचार लेते हुए और यहां का जो प्रवेश है वातावरण है उसके साथ एक आत्म होते हुए योग करते हुए सूक्ष्म व्यायाम है मैं सुरक्षित व्यायाम हाथों के पांव के पूरे शरीर के अंगों का जब वह करते तुम को इंस्टेंट बेनिफिट मिलता है कि परेशान करते हैं तो इंस्टेंट बेनिफिट मिलता है और फिर इन सर्दियों में जब हम संगीत चिकित्सा करते हैं सौंफ प्रकार की संख्या इस शरीर में लगती हैं तो किसी को यहां पर टखने में दर्द है 10 वर्षों से कि फिटकरी डैडी को रख नहीं पाते हैं टेली का दर्द है तो यहां सिंह लगाई और 10 मिनट में दर्द गायब हो आप देखते हैं आस्था व संस्कार के माध्यम में अपराध खान परमपूज्य महाराजश्री को लोग अपने उदार अपने आत्मानुभूति बताते हैं कि किस प्रकार से उनको पतंजलि बैलेस या करके दोनों पर्दों से निजात मिली तो यह इंसिडेंट है और जहां इतना समय बर्बाद कर दिया है लोवेटी के जाल में फंसकर के तो वहां पर कुछ देर साधना रूप प्रतिक्षा करके और अपना चिकित्सा द्वारा करके तो आप इस एक्सपीरियंस उबले इंसेंट बेनिफिट मिलेंगे और दीर्घकालिक लाभ मिलेंगे चीप का जीवन आंखें सही ट्रैक पर आ जाएगा फ्री स्वामी जी है इसी से बहुत सारी बातें की है और यह शब्द बहुत कुछ ही इससे मुझे बहुत टेंशन ही महसूस होता है क्योंकि अजवाइन में अच्छा रहता है कि वह टूरिज्म करें हो किसी झील पर जाते हैं कहीं पर समुद्र में जाते हैं अपने जाते हैं डांस करते हैं और यह प्रकार के जो मॉडल द्रव्यों का सेवन करते हैं तो इन सबसे इतर जो एक सात्विक टूरिज्म हो सकता है जो है ट्यूसडे हो सकता है उसके लिए जो युवाओं में एक नया स्थान बना है उसके लिए यह स्थान मुझे लगता है कि इससे विशेष स्थान कोई हो नहीं सकता और में युवाओं से आग्रह करना चाहूंगा कि आज पर छुट्टियां है बच्चों की छुट्टियां हैं और माता है जो भी हैं वह बच्चों के साथ में फ्री होती हैं कईं व्यक्तियों के बच्चों की छुट्टी हो जाएगी हमें कार्य तब करेंगे तो वह परमपूज्य महाराजश्री दें इस समय पर बच्चों के लिए भी संस्कार शाला यहां पर चलाई हैं हमारा ठीक पीछे अच्छा बताइए गर्मी की छुट्टियां चल रही हैं और मैं और माता-पिता से भी आह्वाहन करना चाहता हूं जैसा कि अधिकारी ने बताया कि जब बच्चों की छुट्टियां होती है तभी माता-पिता को भी अवसर मिलता है तो एक साथ यदि आपको लगता है कि श्रीमती नायक है और आपको उपचार की आवश्यकता है और बच्चों को संस्कार की आवश्यकता सदैव रहती है तो एक तरफ का उपचार होगा साथ ही बच्चों को संस्कार मिलेगा तो यह उपचार और संस्कार दोनों एक साथ पतंजलि बैलेस में ले सकते हैं आप अपने बच्चों को लेकर करें और हमारे आचार्य हमारी गुरुकुल के पढ़े-लिखे विद्वान उनको संस्कार देने का कार्य करें और हमारे डॉक्टर और हमारे योग्य प्रशिक्षक तारीफ पर साधु चार दिन का काम करेंगे और साथ में परम पूज्य महाराज श्री का दिव्य मार्गदर्शन और उनका आशीर्वाद उनके सामने भी आपको यहां पर प्राप्त होगी तो आप अपने बच्चों के संग आएं और यह आपके लिए अविस्मरणीय क्षण होंगे आपके लिए एक नहीं शुरुआत भी होगी और नई परंपरा भी जहां पर एक साथ पूरा परिवार आ करके तथा सब प्रकार से अपने विप्लव जीवन का उत्थान कर रहा होगा तो मैं आशा करता हूं ऐसे माता-पिता कि जागरूक माता-पिता से चीफ आए चाहे अभी गर्मियों की छुट्टियां पढ़े चाहे सर्दियों की छुट्टियां पढेंगे तो यहां पर एक जीवन का नया आयाम उनको दिखेगा आपके बच्चे आप अ कहना मानने लग जाएंगे आपके बच्चों की रुचि आतिफ असलम रामायण गीता और नीति श्लोक और जैसे स्रोत है स्वस्थ स्रोत हैं और यह संस्कार उनको मिलते हुए जब वह यहां से जाएंगे तो निश्चित रूप से आपको लगेगा कि कोई एक संस्थान है जो आपकी बच्चों से लेकर उनके शिक्षा अंतिम संस्कार को लेकर प्रतिबद्ध है और हाथ जो शरीर में विकार आगे उनको दूर करने के लिए भी प्रतिबद्ध है सूर्य हक परमार्थ का काम यह उपचार का कार्य पतंजलि बैलेंस का मुख्य लक्ष्य है और मुझे लगता है कि अ बहुत सारे बच्चे हमारे पास आने शुरू हो गए हैं इस दिन से ही शुरू हो गए हैं और आपने देखा भी होगा आस्था के माध्यम से इन बच्चों ने बहुत अच्छी प्रस्तुतियां भी दिन बहुत अच्छे भजन भी ठीक है और गीता के श्लोक चाणक्य नीति कि लोग यह देखिए और धर्म की परिभाषा ऊपर ऐसे बच्चे कि धर्म की परिभाषा क्या है छोटी-बड़ी व्यक्ति का प्रदर्शन के प्रथम सूत्र तपश्चर्या ढूंढते वाला तो यह एक बहुत बड़ा परिवर्तन है इस परिवर्तन का सूचक है और मुझे लगता है कि का बहुत अच्छी हवा बह रही है देश में और हम यदि इस तरह के साथ रहते हुए हम एक का समाधान के रूप में प्रस्तुत हो पाए और एक अवसर के रूप में एक हाथी के रूप में तो इससे बड़ी बात को समझ नहीं सकते हैं आप पूज्य स्वामी जी महाराज ने आज बहुत सारी हमारे साथ में बातें रखिए और शेयर को ले करके देखिए उपलब्धि है बांधा के पहला सुख निरोगी काया सुख पहला सुख निरोगी काया उस वक्त स्टेडियम शुरुआत करेंगे तो अलार्म है जो सूख है उस होते ही पीछे पीछे दौड़े चले आते हैं कहते हैं कि सन्मति के पीछे लक्ष्मी रोशनी चली जाती है तो अच्छे स्वास्थ्य के साथ में लक्ष्मी हो वैभव हो या-या ने जितने भी सूख है और यह जो अलग से 300 बताए गए वहीं पी किसी आ जाएंगे स्वामी महाराज आपका बहुत-बहुत धन्यवाद क्योंकि हमारे दर्शकों ने बहुत लंबे समय से यह कह रहे थे कि हां यह सॉन्ग चलाएं जाते हैं यह जो ग्राम यादव के फोटो भेजते हैं कभी फेस पूजा करके फोटो भेजते हैं डालना चाहें तो उससे पहले बता कराया था लेकिन विशेष चर्चा अपने बहुत कम ही है विश्व में स्वयं मैं भी आपसे जो जगह आपके हिस्से दर्शकों कि आप से जुड़े में लोगों की है खैर मेरी शिकायत नहीं लेकिन मेरा निवेदन है कि अब पतंजलि संस्थान के माध्यम से हो रहे राष्ट्रव्यापी एवं विश्व व्यापी जो ऐसे मानवता के उत्थान के लिए कार्यक्रम चलते हैं चाहे वह शिक्षा होता है संस्कार व अनुसंधान हो चाहे वह कृषि हो चाहे वह गौ संरक्षण हो इस चाय व हमारी इस सत्य सनातन वैदिक कर हिंदू परंपरा एवं संस्कृति हो उस को आगे बढ़ाने का सारी हो यह तो हर क्षेत्र में पतंजलि का योगदान अभूतपूर्व रहा है और एक बड़े विजन के स्थान पर मुझे मारा श्रद्धेय आचार्यश्री जिसे योगा आयुर्वेदिक स्वदेशी और यह पूरी भारतीय सभ्यता-संस्कृति की जो परंपरा है उसको एक नया स्वरूप जगह पुरातन और इस मिशन का संरक्षण का नाम है पतंजलि तो आप के माध्यम से इससे जन-जन तक विस्तार मिलेगा बिल्कुल एहसास व जिस प्रकार से आगे बढ़ रहे हैं हमारी शुभकामनाएं हैं अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचे और अपनी जो सत्य को सत्य संकल्प हैं जो हमारी सनातन परंपरा हैं जो हमारे साथ हमारी संस्कृति है उसका प्रचार-प्रसार ऐसे ही हो परंतु बाकी शरीर में आदिम खुद और मसाज जन्म शरीर सबसे आदि कारण है इस प्रकार के साधन के रूप में धर्म का साधन माने धर्म का साधन माने इस फैसले का सम्मान एवं प्रसाद वर्मा ने जिस भी रूप में आप इसको अच्छे से अच्छा और बुरे से बुरा प्रयोग करते हैं शनि का स्वस्थ होना तो बहुत जरूरी है तो उसमें हमारा पिता की ओर अपने कदम बढ़ाए शरीर को शाम से दुश्मनों को समझ मे ह्रदय वहां से भरा रखें तू कुठे संकल्पों के साथ उदात्त भावना के साथ और अपनी चेतना को भागवत चेतना से उन क्षेत्रों से मिलाते हुए का आत्म करते हुए हम इससे साल जाएं हम इसमें फंसे रहेंगे हम रोजमर्रा के जीवन में अपने शरीर के धब्बों की पीड़ा की और कष्टों की बात ना करते हुए जिस दिन हमने इससे पार हम चले गए तुझसे इस धरा पर भगवान के विधान का आधार होगा और हम कुछ सार्थक चर्चा कर रहे होंगे कि हम अनुसंधान कर रहे होंगे कि व्यक्ति धनवान बनने का प्रस्ताव लेकर धनवान बनेगा और धन भी अपने नहीं धन की सेवा के लिए सजा की सेवा के लिए पर ऐसे ही शरीर से हम संसार की सेवा करते रहें और आत्मा से परमात्मा की पूजा अर्चना करते रहें तो यही हमारे जीवन का लक्ष्य होना चाहिए और हम अपने इस प्रकार की कामनाओं आशाओं और अपेक्षाओं वासना से मुक्त रहते हुए और योग-अध्यात्म अपनी संस्कृति सभ्यता अपने म उच्चतम मानवीय मूल्यों से युक्त रहते हुए हम श्रीवत्स त्रिविध तापों से दुखों संयुक्त रहते हुए एक अ आनंद भाई जीवन जिए और पैसे हंसते मुस्कुराते हुए आपको संयोग करते हुए स्वयं योगी बनते हुए अपने परिवार समाज देश धर्म राष्ट्र मानव लार इस भगवान के लिए उपयोगी और सहयोगी बनते हुए हम ऐसे हंसते हुए प्रसन्नतापूर्वक अपने जीवन की यात्रा को आगे बढ़ाएंगे और यह आश्वासन दिया विश्वास कि आपको किसी भी प्रकार का कष्ट है आप पतंजलि बैलेंस में आए और यहां पर एक जीवन जीने का सलीका लेते हुए अपने बड़े-बुजुर्गों को तोहफा देते हुए आरोग्य का उनके रिश्ते को बनाने का ठेका श्रम करते हुए तो यह मेरा निवेदन है आपसे और मैं सभी दर्शकों को भी उनसे भी चाहूंगा कि आप इस पूरे कार्यक्रम को पूरे वीडियो को जो कि एक इसको हम जनहित में जारी ऐसा मोड़ लेते हैं सॉस को जन-जन तक पहुंचा है यह हमारा कर्तव्य भी है कि मात्र केवल आज के युग में किसी TRP का तक नहीं है इसलिए आज के समय में जो जागरूकता चलिए उसे जागरूकता का यह कदम है तो यह बिना आपके संभोग में है बिना आपके विश्वास आपकी निष्ठा आस्था के बिना यह संभव नहीं है मुझे लगता है कि आपको आशा को सर्वोपरि मानते रखते हुए सपने सच संस्कृति के जो मूल्य हैं उच्चतम आदर्श हैं सत्य हमारी सनातन संस्कृति है हम्म उसको आगे रखते हुए किसी व्यक्तिगत आचार्य अंकुर जी यह शांतिदेव या किसी संस्थाओं को भी आगे बढ़ाते हुए यह जो मानवता के लिए जुड़ा कार्य किया जा रहा है जैसे 25 वर्ष पूर्व पहले योग कि जब भारत पर बुद्धिमान जगाई थी और का घनघोर को शांत करते हुए हंस परिणाम सबके सामने ऐसा पूरा देश कि योग के आगे नतमस्तक है योग को मान रहा है जान रहा है अपना रहा है समझ रहा है और उसको सब प्रकार के संप्रदायों से मुक्त मानते हुए किसी एक मत संप्रदाय पंथ से नौ जोड़ते हुए उसको भारत की देन मानता है हमारे ऋषि-मुनियों की देन मानता है उसके पति सुरक्षित अनुभव करता है जिससे यह सिद्ध भारतीय मनीषा सितम ऋषि परंपरा को देता है तो यह एक बहुत बड़ी विजय है तो इसके लिए 25 वर्ष पूर्व किया गया प्रयास उस समय विरोध के स्वर उठे थे जूस लेकिन छाप इतिहास से सीखे हुए नूतन और सनातन के हिसाब से यह प्रयोग और स्वास्थ्य क्षेत्र में इस अभिनव क्रांति का जो सूत्रपात हुआ है इसको अपने अपने कंधों पर रख या हमारे अपनों के साथ पर अद्भुत इमारत के संकल्प के साथ निकालता है रोते हुए सिर को आगे बढ़ाएं खूब इसको फैलाएं घूम रहे लोगों को सिर्फ क्रिकेट क्लासिफिकेशन मिलते रहें और इस ऐसा को साफ बच्चों के साथ यौन इस वह मेरे को बनाएं तो आप सब लोग मेरा बहुत-बहुत प्रणाम स्वस्थ रहें और मस्त रहिए को सभी मित्रों से मेरा निवेदन है कि इस वीडियो को सबसे अधिक से अधिक शेयर करें मेरे संग ओडिशा के सनातन धर्म की जय जय हिंद वंदे स्मार्ट

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😲 अपना Point साबित के लिए इतने कुतर्कआइये कुछ Cross Questions करें।

में एक बार क्या हुआ कि उनका खूब सारा लोगों ने आप जैसे यह दोनों ने बहुत विरोध किया और उन विरोध करने वाले लोगों ने महर्षि दयानंद सरस्वती जी...